Thursday, April 2, 2009
क्या कोई रोक पायेगा ?
बहुत दुख होता है अपनी असहयाता देख कर, कया करे हिन्दी मे ताइप जो नही कर पाते हे, और विदम्बना देकिये मन हिन्दी मे लिखने का ही है....सो अब अन्ग्रेजी मे लिख कर हिन्दी मै अनुवाद कराते है ..कमप्युतर सै.....लगता है कि आने वाले समय मे हिन्दी ऐसे ही हिन्ग्लिश मे परिवर्तित हो जायेगी...भगवान न करे ऐसा हो ..पर हुआ तो क्या कोइ रोक पायेगा ???????
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sahi chinta hai bandhu par what is the option ,due to different transliteration tools ,people like me who dont know hindi typing can write in Hindi and it is working.Have you any suggestions? kindly let me know
ReplyDelete.Thanks
Dr.Bhoopendra
प्रिय बन्धु
ReplyDeleteबहुत अच्छा लगा आपका लेखन aur chinta
आज कल तो लिखने पढने वालो की कमी हो गयी है ,ऐसे समय में ब्लॉग पर लोगों को लिखता-पढता देख बडा सुकून मिलता है लेकिन एक कष्ट है कि ब्लॉगर भी लिखने पर ज्यादा ध्यान दे रहे हैं जबकि पढने पर कम .--------
नई कला, नूतन रचनाएँ ,नई सूझ ,नूतन साधन
नये भाव ,नूतन उमंग से , वीर बने रहते नूतन
शुभकामनाये
जय हिंद